Cryptocurrency : मृत्यु के बाद जानें क्या होता है क्रिप्टो करेंसी और डिजिटल ऐसेट्स का, पूरी जानकारी

क्रिप्टो करेंसी और डिजिटल ऐसेट्स

कभी आपने विचार किया है आपने ही अकाउंट में जो रखे हुए नॉन फंजेबल टोकन एनएफटी या जिन्हें हम क्रिप्टो करेंसी के नाम से जानते हैं, व्यक्ति के मृत्यु हो जाने पर उसका क्या होता है? यदि आप इस जानकारी से अवगत नहीं हैं, क्रिप्टो करेंसी और डिजिटल ऐसेट्स

तो आइए इसके बारे में खास जानकारी दे रहे हैं। निवेश की दुनिया में, आज संपूर्ण बाजार यहां तक कि वैश्विक बाजार पर भी, जिसमें भारत की अर्थव्यवस्था भी शामिल है, एक खास किस्म की ऐसैट्स ने बाजारों में अपनी एक खास जगह बना लिए हैं, जिस पर निवेशक काफी ज्यादा तादाद में भरोसा भी करते हैं। Cryptocurrency

दरअसल हम इसको क्रिप्टोकरंसी के नाम से जानते हैं। अगर देखा जाए तो क्रिप्टो करेंसी ने ही बीते कई सालों में अनेक बड़े और छोटे निवेशकों को जिन्होंने इस बाजार में अपनी पूंजी लगाए और निवेश किया।

इस उभरते हुए बाजार में उन्हें बीते हुए कुछ ही सालों में करोड़पति बना दिया है।

Cryptocurrency
Cryptocurrency

युवाओं में दिख रहा है क्रिप्टो करेंसी का क्रेज :

भारत की अर्थव्यवस्था और उनके विकासशील बाजार के प्रगति को देखते हुए आजकल काफी लोग क्रिप्टोकरंसी में अपनी रुचि दिखा रहे हैं, जिस पर निवेश कर वह भविष्य में होने वाली कमाई को जरिया मानकर उस पर अपनी कमाई गई पूंजी लगाते हैं। क्रिप्टो करेंसी और डिजिटल ऐसेट्स

निवेशक अपने पूंजी को इस उम्मीद से लगाते हैं ताकि भविष्य में उनके परिवार और बच्चों को एक बेहतर जिंदगी दे सके और सबसे खास आर्थिक तौर पर उन्हें सुरक्षा और साथ ही बेहतर जिंदगी दे सके।

खासकर आज की युवा पीढ़ी इस बाजार को बड़ी गंभीरता से ले रही है। शायद इसीलिए दुनिया भर में लोग क्रिप्टोकरंसी को भविष्य की कमाई मानते हैं।

अधिकतर निवेशक जो निवेश कर रहे होते है, वह कहीं ना कहीं अपनी पहली नॉमिनी को पहली प्राथमिकता देते हैं।

ऐसा वह इसलिए भी करते हैं ताकि उसकी मृत्यु हो जाने के पश्चात वह पैसे जो उन्होंने निवेशक के रूप में निवेश किया है, वह उनके सगे संबंधियों को मिल सके, जो भविष्य में उनके काफी काम में आते हैं। इसपर कभी आपने भी ये विचार किया है

कि किसी व्यक्ति के एकाउंट्स में जो क्रिप्टोकरंसी संपत्ति के रूप में पड़े हैं, उनके मृत्यु के बाद उसे ऐसेट का आगे क्या होने वाला है? अगर आपके भी मन में शक के तौर पर यह सवाल उभर रही है तो इस सवाल से घबराने की जरूरत नहीं है।

आपकी जानकारी के लिए ही हम क्रिप्टोकरंसी से जुड़े सवालों के खास जवाब हम आपके लिए इस आर्टिकल में लेकर आए हैं।

किसी व्यक्ति की मृत्यु हो जाने पर क्रिप्टो यानी जिसे हम डिजिटल ऐसेट भी कहते हैं, वह दरअसल क्लाउड कंप्यूटर में क्लाउड स्टोरेज के रूप में सुरक्षित रहती है ताकि भविष्य में जिसे उस व्यक्ति ने नॉमिनी बनाया है,

उसे सही सलामत व्यक्ति की मृत्यु के बाद वह संपत्ति मिल सके जिनके वह हकदार है। इसलिए हर ब्रोकरेज हाउस या ब्रोकर जिसके जरिए आप क्रिप्टो को बाजार में निवेश करते हैं, वह आपको इस बाजार में निवेश से पहले किसी खास को आपका नॉमिनी बनाने की निवेदन करते हैं

ताकि जरूरत के समय या मृत्यु के पश्चात वह जमा पूंजी नॉमिनी वाले व्यक्ति को मिल सके जिससे उनके भविष्य सुरक्षित हो सके।

Also Read – New business ideas in hindi : कम लागत में केले के चिप्स का बिजनेस शुरू कर कमाएं हर दिन ₹5,000, करें 3 गुना मुनाफा

नॉमिनी में नाम रहने पर एनएफटी के जरिए कर सकते हैं पैसों की मांग :

एनएफटी, जिसे हम नॉन फनजीबल टोकन या इसका दूसरा रूप जिसे क्रिप्टो करेंसी कहते हैं। 2020 की एक रिसर्च में जो रिपोर्ट आई थी कि कोरोना काल में जब सारी दुनिया में सभी देशों की अर्थव्यवस्था गिर गई थी,

उस वक्त बाजार में पैसों के तौर पर सिर्फ क्रिप्टोकरंसी ही काम कर रही थी। यह भी एक बड़ी वजह है क्रिप्टोकरंसी के इतने ज्यादा मशहूर होने की। इस क्रिप्टोकरंसी बाजार में बड़े और मशहूर हस्तियां भी अपने हाथ आजमा रहे हैं

और अपने काम के बदले में वह एनएफटी के जरिए अपने पैसों की मांग भी करते हैं, जब तक कि आप पूरी तरह से उन्हें इस एसेट तक पहुंचे जाने की संपूर्ण जानकारी ना बता दें।

जिंदगी भर आपकी मेहनत और मशक्कत से कमाई हुई जमा पूंजी और संपत्ति के जरिए आपने जिस क्रिप्टोकरंसी को अपने जरूरी वक्त के लिए बाजार में निवेशक के तौर पर निवेश किया है

कहीं वह जमा पूंजी पूरी तरह से बेकार या फिर बर्बाद ना हो जाए, इसीलिए आपके लिए यह भी एक जरूरी जानकारी रखने की आवश्यकता है की किसी खास इंसान को आप अपना नॉमिनी बनाने से पहले इन कुछ खास बातों पर ध्यान रखें।

क्रिप्टो करेंसी के वसीयत से जुड़ी ध्यान रखे जाने वाली खास बातें :

यहां क्रिप्टोकरंसी पर ध्यान रखे जाने वाली खास बात यह है कि यह क्रिप्टोकरंसी इस्तेमाल करने की इजाज़त आप किस इंसान को देना पसंद करेंगे। यहां पर आपको लोगों के प्रति ज्यादा विश्वासी होने की बजाय आपको बाजार में निवेश संपत्ति के प्रति जागरूक होने की भी अहम जरूरत है,

ताकि आप पूरी तरह से तकनीकी तौर पर भी जागरूक रह सकें, जिसके पश्चात आपके डिजिटल वालेट मे आपके द्वारा नामित व्यक्ति को जिन्हें आपने नॉमिनी बनाया है, उसे मिल सके।

इसके लिए जरूरी है आप किसी वकील की भी सहायता लें और उस वकील की सहायता से आप एक जरूरी वसीयत तैयार कर लें और वसीयत के अनुसार एक नॉमिनी उसमें जोड़ दें क्योंकि वकील द्वारा बनाए गए

कानूनी वसीयत की वजह से और उसी के जरिए ही आपके पश्चात आपके द्वारा नॉमिनी बनाए गए इंसान को उस ऐसेट या वालेट को इस्तेमाल करने की इजाजत देता है, जिन्हें आपने नॉमिनी के तौर पर नामांकित किया है।

इसके अलावा आपको इस बात के लिए खास जानकारी रखनी होती है कि उस डिजिटल वॉलेट में नॉमिनी के अलावा आपको आपके डिजिटल ऐसेट की संपूर्ण जानकारी उसमें मौजूद हो ताकि आपके सगे संबंधियों द्वारा बाद में इसे इस्तेमाल करने पर इसमें किसी भी तरह की रुकावटें पैदा ना हो सकें।

Also Read -ISMC : कर्नाटक इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण क्लस्टर में मैसूर के पास बनेगा 3 अरब डॉलर का सेमीकंडक्टर चिप प्लांट, शामिल होगी कई बड़ी कंपनियां

Leave a Reply

Your email address will not be published.